AIMIM जलगांव शहर के जिम्मेदारों की जानिब से पीड़ित परिवार को ₹50,000 की मदद…”तुझे जान से मार देंगे’ – इंस्टा पर मिली थी धमकी, इमरान हत्याकांड में और कितने लोग शामिल?

दहीगांव | जलगांव जिले में हुए इमरान पटेल मर्डर केस में चौंकाने वाला मोड़, मां ने किया बड़ा खुलासा!
दहीगांव में हुए इमरान पटेल हत्याकांड को लेकर अब परिवार ने सनसनीखेज आरोप लगाए हैं। इमरान की मां ने साफ कहा है कि यह पैसे का मामला नहीं है, बल्कि यह एक सुनियोजित साजिश है।
‘यह ₹2,000 का मामला नहीं, मेरे बेटे को अफेयर का राज खोलने की सजा दी गई’ – मां का दर्द
इमरान की मां ने बताया:
“लोग कह रहे हैं कि यह ₹2,000 का मामला है, लेकिन यह झूठ है। यह पैसे का मामला नहीं। मेरे बेटे ने गांव की एक लड़की के अफेयर का राज घरवालों को बताया था। इसी बात से नाराज होकर मेरे बेटे की हत्या की गई। यह कत्ल प्लानिंग के तहत हुआ है।”

मां ने आगे खुलासा किया कि हत्या के बाद जब उन्होंने इमरान का इंस्टाग्राम आकाउंट देखा, तो उसके इंस्टाग्राम अकाउंट में नागपुर की एक लड़की से धमकी भरे मैसेज मिले। धमकी में लिखा था:
“तुझे जान से मार देंगे, तेरा गेम हो जाएगा।”
उन्होंने कहा:
“यह हत्या सिर्फ दो लोगों ने नहीं की। इसमें और लोग शामिल हैं। हमें धमकियां मिल रही हैं। पुलिस को चाहिए कि गहराई से जांच करे और सभी आरोपियों को सजा दे। हमें इंसाफ चाहिए।”

AIMIM जलगांव टीम की बड़ी पहल – ₹50,000 की मदद, इंसाफ की लड़ाई का वादा पीड़ित परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) की जलगांव टीम आगे आई। ज़िया बागवान साहब और रयान जागीरदार नेतृत्व में AIMIM टीम ने इमरान के घर पहुंची। उन्होंने परिवार को हिम्मत दी और आश्वासन दिया कि पार्टी आखिरी सांस तक इंसाफ की लड़ाई लड़ेगी।

AIMIM टीम ने ₹50,000 की आर्थिक सहायता दी और कहा:
“यह मदद कोई एहसान नहीं है। मजलिस का मकसद केवल राजनीति करना नहीं, बल्कि मजलूमों को इंसाफ दिलाना है।”

पुलिस से AIMIM की सख्त मांग – साजिश का पर्दाफाश करो
AIMIM प्रतिनिधियों ने स्थानीय पुलिस स्टेशन जाकर PI साहब से मुलाकात की और केस की गंभीरता बताई। उन्होंने तीन मुख्य डिमांड रखीं:
✔ केस की बारीकी से जांच हो।
✔ नागपुर की लड़की और उसके इंस्टाग्राम कनेक्शन की जांच की जाए।
✔ सभी दोषियों को सख्त सजा दी जाए।
इस मौके पर AIMIM के ज़िया बागवान (माजी जिल्हाध्यक्ष), रयान जागीरदार (माजी शहर अध्यक्ष), जुबेर देशमुख, खालिद खटीक, नगरसेवक हाजी यूसुफ, इमरान शेख (भैया जी), आसिफ शेख, साकिर शेख, सद्दाम भाई मौजूद रहे।
AIMIM ने इस कदम से स्पष्ट कर दिया है कि पार्टी मजलूमों की आवाज है और इंसाफ की लड़ाई आखिरी सांस तक जारी रहेगी।

